मैरी एनिंग लाइम रेजिस की जीवाश्म शिकारी
मैरी एनिंग ने बारह वर्ष में पहला इक्थियोसॉर खोजा गरीबी में पुराजीव विज्ञान गढ़ा.

गरीब लड़की ने विज्ञान कैसे बदला?
मैरी एनिंग सत्रह सौ निन्यानवे में इंग्लैंड के लाइम रेजिस में जन्मी पिता की मृत्यु बाद जीवाश्म बेचकर जीवित रही. बारह वर्ष में भाई संग दो सौ लाख वर्ष पुरानी चट्टानों से पांच मीटर इक्थियोसॉर कंकाल निकाला.
उसने अठारह सौ तेईस में पहला पूर्ण प्लेसीओसॉर और अठारह सौ अट्ठाइस में पहला ब्रिटिश टेरोसॉर खोजा. व्यापारी कुछ पाउंड देते रहे संग्रहालय नौ मीटर नमूने बिना नाम दिखाते रहे.
उसे लंबे समय क्यों भुलाया गया?
लंदन वैज्ञानिकों ने उसके खोजों से विलुप्ति सिद्ध की पर भूवैज्ञानिक समाज महिलाओं को रोकता था और पुरुष नामों से कार्य छापता था. वह बिक्री से वर्ष में लगभग एक सौ पचास पाउंड कमाती थी जो औजार किराया में निकल जाता था.
अठारह सौ सैंतालीस में सैंतालीस वर्ष में कैंसर से मृत्यु हुई तीन प्रमुख प्रजातियों बाद भी गरीब रही. आज स्कूल मूर्तियों और दो हजार दस स्मृति चित्र से सम्मान करते हैं दो सौ वर्षों की उपेक्षित कला को मान्यता मिली.
- सत्रह सौ निन्यानवे में लाइम रेजिस जन्म
- बारह वर्ष में पांच मीटर इक्थियोसॉर
- तेईस में प्लेसीओसॉर अट्ठाइस में टेरोसॉर
- वर्ष में एक सौ पचास पाउंड आय
- सैंतालीस में सैंतालीस वर्ष में निधन