पर्मियन काल पैंगिया मरुस्थल विनाश से पहले
लगभग 299 से 252 मिलियन वर्ष पहले पैंगिया मरुस्थल फैले फिर ज्वालामुखी से सबसे बड़ा विलोप हुआ।

एक महाद्वीप और विशाल मरुस्थल
पर्मियन लगभग 299 से 252 मिलियन वर्ष पहले तक चला यानी करीब 47 मिलियन वर्ष। सारी भूमि पैंगिया में जुड़ी जो लगभग 150 मिलियन वर्ग किलोमीटर थी और भीतरी मरुस्थल तटों से 5 हजार किलोमीटर तक फैले थे।
डिमेट्रोडॉन जैसे स्तनधारी सरीसृप 4 मीटर तक बढ़े जिनमें ताप नियंत्रण हेतु 1 मीटर पाल था। कोणधारी और सूखा सहिष्णु बीज फर्न ने कोयला दलदलों की जगह ली क्योंकि भीतर वार्षिक वर्षा 200 मिलीमीटर से कम थी।
साइबेरियाई ट्रैप और महाविनाश
लगभग 252 मिलियन वर्ष पहले साइबेरियाई ट्रैप से लगभग 4 मिलियन घन किलोमीटर लावा 7 मिलियन वर्ग किलोमीटर पर फैला। कार्बन डाइऑक्साइड तेजी बढ़ा समुद्र 8 डिग्री गर्म हुए और गहरे जल में ऑक्सीजन ढह गई।
लगभग 90 प्रतिशत समुद्री और 70 प्रतिशत स्थलीय कशेरुकी 60 हजार वर्षों में लुप्त हुए। भित्तियाँ ट्राइलोबाइट और विशाल सिनैप्सिड गायब हुए केवल कवक और कुछ आपदा प्रजातियाँ खाली ट्राइऐसिक भूमि में बचीं।
- 47 मिलियन वर्ष चला 299 से 252 मिलियन वर्ष पहले।
- पैंगिया 150 मिलियन वर्ग किलोमीटर थी।
- डिमेट्रोडॉन 4 मीटर पाल सहित था।
- लावा 7 मिलियन वर्ग किलोमीटर पर फैला।
- लगभग 90 प्रतिशत समुद्री लुप्त हुए।